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ट्रेनों के निजीकरण के विरोध में भूखे पेट ट्रेन चला रहे हैं छत्तीसगढ़ के आठ हजार लोको पायलट

ट्रेनों के निजीकरण के विरोध में भूखे पेट ट्रेन चला रहे हैं छत्तीसगढ़ के आठ हजार लोको पायलट

Date : 16-Jul-2019
रायपुर. 16 जुलाई रेलवे के सबसे बड़े चालक संघ ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएसन ने रेलवे बोर्ड के निजीकरण करने के विरोध में सोमवार से 24 घंटे की देश व्यापी भूख हड़ताल पर हैं। रायपुर के 1 हजार 500 लोको पायलट समेत छत्तीसगढ़ में आज आठ हजार लोको पायलट भूखे पेट ट्रेन चला रहे हैं। इसके बावजूद अगर उनकी मांगें पूरी नहीं की जाती है तो 16-17 जुलाई को ट्रेन का पहिया जाम करने की चेतावनी दी है।जिसे देखते हुए रेलवे प्रशासन भी अलर्ट है। कोर्ट में पेश हुए बुजुर्ग ने जब सुनाई दर्द भरी फ़रियाद तो भावुक जज ने जो किया वो है काबिले तारीफ रेलवे बोर्ड के कार्यकारी अधिकारी आलोक कुमार ने सभी जोनल रेलवे व उत्पादन इकाइयों के महाप्रबंधकों को इस सम्बन्ध में पत्र लिखकर संघ की ओर से भूख हड़ताल और ट्रेन का पहिया जाम की चेतावनी से निपटने के लिए कहा है। साथ ही ट्रेन चलाने में बाधा उत्पन्न करने, तोड़फोड़, उत्पात आदि करने पर रेलवे एक्ट 1989 के सेक्शन 173, 17, 175 के तहत कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। निजीकरण रोकने सहित ये हैं मांगें- .प्रति किलोमीटर भत्ता रिवाइज किया जाय। .रनिंग कर्मचारियों की पेंशन पर सुनवाई हो। .सेफ्टी कमेटी की सिफारिशों को लागू करने, पूर्व की पेंशन व्यवस्था को लागू करते हुए नए पेंशन की प्रणाली बंद करने की मांग .क्रू बोर्ड की मांग अनुसार काम के घंटे तय किये जाएँ।

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